Thursday, February 2nd, 2023

एक टुकड़ा धूप हिन्दी लिरिक्स – Ek Tukda Dhoop Hindi Lyrics (Raghav Chaitanya, Thappad)

मूवी या एलबम का नाम : थप्पड़ (2020)
संगीतकार का नाम – अनुराग सैकिया
हिन्दी लिरिक के लिरिसिस्ट – शकील आज़मी
गाने के गायक का नाम – राघव चैतन्य

टूट के हम दोनों में
जो बचा वो कम सा है
एक टुकड़ा धूप का
अंदर-अंदर नम सा है
एक धागे में है उलझे यूँ
के बुनते-बुनते खुल गए
हम थे लिखे दीवार पे
बारिश हुई और धुल गए
टूट के हम दोनों में…

टूटे फूटे ख्वाबों की हाय
दुनिया में रहना क्या
झूठे-मूठे वादों की हाय
लहरों में बहना क्या
हो दिल ने दिल में ठाना है
खुद को फिर से पाना है
दिल के ही साथ में जाना है
टूट के हम दोनों में…

सोचो ज़रा क्या थे हम हाय
क्या से क्या हो गए
हिज्र वाली रातों की हाय
कब्रो में सो गए
हो तुम हमारे जितने थे
सच कहो क्या उतने थे
जाने दो मत कहो कितने थे
रास्ता हम दोनों में
जो बचा वो कम सा है
एक टुकड़ा धूप का
अंदर-अंदर नम सा है
टूट के हम दोनों में…