Monday, January 30th, 2023

जो भी कसमें खायी थी हिंदी लिरिक्स – Jo Bhi Kasmein Khayi Thi Hindi lyrics (Alka Yagnik, Udit Narayan, Raaz)

मूवी या एलबम का नाम : राज़ (2002)
संगीतकार का नाम – नदीम-श्रवण
हिन्दी लिरिक के लिरिसिस्ट – समीर
गाने के गायक का नाम – अल्का याग्निक, उदित नारायण

जो भी कसमें खायी थीं हमने
वादा किया था जो मिल के
तूने ही जीवन में लाया था मेरे सवेरा
क्या तुम्हें याद है

दिन वो बड़े हसीन थे
रातें भी ख़ुशनसीब थीं
तूने ही जीवन में लाया था मेरे सवेरा
क्या तुम्हें याद है

जागे-जागे रहते थे, खोये-खोये रहते थे
करते थे प्यार की बातें
कभी तन्हाई में, कभी पुरवाई में
होती थीं रोज़ मुलाकातें
तेरी इन बाहों में, तेरी पनाहों में
मैंने हर लम्हा गुज़ारा
तेरे इस चेहरे को, चाँद सुनहरे को
मैंने तो जिगर में उतारा
कितने तेरे क़रीब था
मैं तो तेरा नसीब था
होंठों पे रहता था हर वक्त बस नाम तेरा
क्या तुम्हें याद है
हाँ मुझे याद है, हाँ मुझे याद है

दिन के उजालों में, ख़्वाबों-ख्यालों में
मैंने तुझे पल-पल देखा
मेरी ज़िन्दगानी तू, मेरी कहानी तू
तू है मेरे हाथों की रेखा
मैंने तुझे चाहा तो, अपना बनाया तो
तूने मुझे दिल में बसाया
प्यार के रंगों से, बहकी उमंगों से
तूने मेरा सपना सजाया
तेरे लबों को चूम के
बाहों में तेरी झूम के
मैंने बसाया था आँखों में तेरे बसेरा
क्या तुम्हें याद है
हाँ मुझे याद है
जो भी कसमें…